नगरीय निकाय चुनाव-2026 को लेकर स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक आयोजित
चित्तौड़गढ़। नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 को स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न करवाने तथा चुनाव के दौरान कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला मजिस्ट्रेट डॉ. मंजू के निर्देशन में गठित स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक 19 अगस्त को आयोजित की गई। बैठक में चुनाव के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा शस्त्र जमा करवाने संबंधी राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। बैठक में पुलिस अधीक्षक चित्तौड़गढ़, अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट/अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, उप विधि परामर्शी, जिला कलक्टर कार्यालय, उप निदेशक अभियोजन तथा लोक अभियोजक, जिला एवं सत्र न्यायालय चित्तौड़गढ़ उपस्थित रहे। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि जिले के नगरीय निकाय क्षेत्रों में स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण चुनाव सम्पन्न करवाने, कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने तथा सभी वर्गों के मतदाताओं को भयमुक्त वातावरण में अपने मताधिकार का प्रयोग सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
नगरीय निकाय क्षेत्रों में शस्त्र जमा करवाने के निर्देश
स्क्रीनिंग कमेटी ने निर्णय लिया कि नगरीय निकाय क्षेत्रों में अधिवासित अथवा वर्तमान में निवासरत शस्त्रधारकों एवं शस्त्र लाइसेंसधारकों के शस्त्र संबंधित अथवा निकटतम पुलिस थाने के भारसाधक अधिकारी के यहां तत्काल प्रभाव से जमा करवाए जाएंगे। यह प्रावधान उन शस्त्र लाइसेंसों पर भी लागू होगा, जो चित्तौड़गढ़ जिले के अतिरिक्त राज्य के अन्य जिलों अथवा देश के किसी अन्य क्षेत्र के सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी किए गए हैं। ऐसे शस्त्र लाइसेंसधारी, जो शस्त्र जमा करवाने से छूट चाहते हैं, वे स्क्रीनिंग कमेटी के समक्ष आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं। प्राप्त आवेदनों पर स्क्रीनिंग कमेटी द्वारा नियमानुसार विचार कर निर्णय लिया जाएगा।
इन पर लागू नहीं होगी शस्त्र जमा करवाने की व्यवस्था
बैठक में बताया गया कि शस्त्र जमा करवाने संबंधी यह व्यवस्था बैंक सुरक्षा कर्मियों, सीमा सुरक्षा बल, अर्द्धसैनिक बल, सशस्त्र पुलिस गार्ड, राजस्थान पुलिस तथा ऐसे राज्य एवं केन्द्र सरकार के कर्मचारियों पर लागू नहीं होगी, जो कानून एवं शांति व्यवस्था के संदर्भ में अपने पास हथियार रखने के लिए अधिकृत हैं। स्क्रीनिंग कमेटी ने चुनाव के दौरान सभी वर्गों के बीच सौहार्द बनाए रखने, संभावित टकराव एवं हिंसात्मक गतिविधियों को नियंत्रित करने तथा शांतिपूर्ण निर्वाचन प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक सतर्कता एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया।