नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम में गूंजा महिला सशक्तिकरण का संदेश
जैसलमेर। महिला सशक्तिकरण, सामाजिक जागरूकता और अधिकार संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बुधवार को नगर परिषद सभागार में जिला स्तरीय ‘नारी चौपाल एवं नारी शक्ति वंदन’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन और महिला अधिकारिता विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक गोद भराई रस्म और नवजात बालिकाओं के जन्मोत्सव के प्रतीकात्मक आयोजन के साथ हुई। इस अवसर पर बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदेश देते हुए मातृत्व और बालिका सम्मान को प्रोत्साहित किया गया।
मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद जैसलमेर विधायक छोटूसिंह भाटी ने कहा कि महिलाओं की भागीदारी के बिना किसी भी समाज और राष्ट्र का समग्र विकास संभव नहीं है। उन्होंने सीमावर्ती जिले की महिलाओं की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि जैसलमेर की महिलाएं शिक्षा, प्रशासन, सामाजिक नेतृत्व और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान दे रही हैं।
उन्होंने महिलाओं से राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान करते हुए कहा कि आरक्षण जैसी व्यवस्थाएं महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया में मजबूत भूमिका निभाने का अवसर प्रदान करती हैं। साथ ही उन्होंने बालिका शिक्षा को महिला सशक्तिकरण का सबसे प्रभावी माध्यम बताया।
जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी रश्मि रानी ने कहा कि शिक्षा महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाती है और उन्हें बेहतर रोजगार अवसरों से जोड़ती है। उन्होंने सामाजिक समानता और महिला सम्मान के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।
कार्यक्रम में बाल अधिकारों, महिला सुरक्षा और सामाजिक कल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी जानकारी दी गई। बाल कल्याण समिति के सहायक निदेशक हिम्मत सिंह कविया ने बाल संरक्षण कानूनों और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के महत्व को समझाया। वहीं पुलिस विभाग की ओर से साइबर अपराधों और ऑनलाइन ठगी से बचाव के उपायों पर विस्तार से जानकारी साझा की गई।
महिला अधिकारिता विभाग के अधिकारियों ने पालनहार योजना सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी देते हुए महिलाओं को अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। उन्होंने महिलाओं से शिक्षित, आत्मनिर्भर और जागरूक बनकर समाज के विकास में योगदान देने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, महिला पुलिसकर्मी, एएनएम, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, मीडिया कर्मी और बड़ी संख्या में महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। अंत में अतिथियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया गया।