बालोतरा के जानियाना में गवर्नमेंट पॉलीटेक्निक कॉलेज खुलेगा, एचपीसीएल देगा 22 करोड़ रूपये— क्षेत्र के युवा यहां सीखकर, ट्रेनिंग लेकर रिफाइनरी में लेंगे अच्छे पैकेज
डॉ. प्रेमचन्द बैरवा की उपस्थिति में एचपीसीएल और राज्य सरकार के बीच हुआ एमओयू साइन
जयपर। बालोतरा के जानियाना में पॉलीटेक्निक कॉलेज खुलने जा रहा है जिससे आसपास के युवाओं को बालोतरा रिफाइनरी कम कॉम्प्लेक्स में अब अधिक और अच्छे रोजगार अवसर मिल सकेंगे व क्षेत्र में समृद्धि का नया अध्याय शुरू होगा। एचपीसीएल बालोतरा के जानियाना में गवर्नमेंट पॉलीटेक्निक कॉलेज भवन निर्माण व आवश्यक उपकरण, फर्नीचर व अन्य संसाधनों की व्यवस्था के लिए सीएसआर फंड से राज्य सरकार को 22 करोड़ रूपये देगा। गुरूवार को उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचन्द बैरवा के सचिवालय स्थित चैम्बर में उनकी उपस्थिति में एचपीसीएल और राज्य सरकार के तकनीकी शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने इस बाबत एमओयू पर साइन किये। इस पॉलीटेक्निक कॉलेज में रिफाइनरी की आवश्यकता वाले रोजगारपरक कोर्सेस पर जोर दिया जाएगा। प्रथम वर्ष इंजीनियरिंग की पेट्रोलियम , मैकेनिकल और सिविल ब्रांच और कम्प्यूटर सांइस स्ट्रीम के कोर्स शुरू किए जाने हैं। एमओयू साइन करने के मौके पर एचपीसीएल के मानव संसाधन निदेशक के. एस. शेट्टी, कार्यकारी निदेशक मनोज कुमार मोहराना, मुख्य महाप्रबंधक मनीष टंडन, महाप्रबंधकगण पेंडर एन. बाबा और यशपाल अनेजा उपस्थित रहे। इस अवसर पर डॉ. प्रेमचन्द बैरवा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गत 4 जुलाई को बालोतरा के पचपदरा में देश के पहले ग्रीनफील्ड एकीकृत रिफाइनरी-सह-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स का लोकार्पण किया था। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का विजन है कि यह प्रोजेक्ट सम्पूर्ण राज्य के विकास में बड़ी भूमिका तो निभाए ही, युवाओं को बेहतर रोजगार देने में भी अधिक मददगार बने। इस विजन को आगे बढ़ाने में यह पॉलीटेक्निक कॉलेज मददगार बनेगी। इस रिफाइनरी में उत्पादित पेट्रोल और डीजल की राज्य में ही अधिकतम खपत सुनिश्चित करने के लिए भी अतिरिक्त पेट्रोल पम्प् लगाने का प्रोजेक्ट भी जल्द ही धरातल पर आने वाला है। हिन्दुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पाेरेशन लिमिटेड तथा राजस्थान सरकार के संयुक्त उद्यम के रूप में विकसित यह 9 एमएमटीपीए क्षमता वाला ग्रीनफील्ड रिफाइनरी-सह-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स 79 हजार 459 करोड़ के निवेश से स्थापित किया गया है। इस परियोजना ने 2.4 एमएमटीपीए पेट्रोकेमिकल क्षमता के साथ रिफाइनिंग और पेट्रोकेमिकल उत्पादन को एकीकृत किया है। उल्लेखनीय है कि यह रिफाइनरी कम कॉम्प्लेक्स भारत की ऊर्जा सुरक्षा को सुदृढ़ करने, पेट्रोकेमिकल क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाने तथा औद्योगिक विकास को गति प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। साथ ही, पेट्रोकेमिकल एवं प्लास्टिक पार्क के विकास के लिए एक आधारभूत उद्योग के रूप में कार्य करेगा, जिससे डाउनस्ट्रीम उद्योगों एवं अनुषंगी क्षेत्रों के विकास को प्रोत्साहन मिलेगा।